क्वॉरेंटाइन के दौरान परिवार और अस्पताल का मिला सहयोग
● कोरोना से डरे बिना नियमों का करें पालन करने की करती हैं अपील

रोहतास पत्रिका/सासाराम(डेस्क):

कोरोना वायरस से जहां देश में लोगों के बीच रहन-सहन एवं जीवन शैली में परिवर्तन आया है, वहीं इस वैश्विक महामारी ने लोगों में अपने कर्तव्य के प्रति निष्ठा और आपसी सहयोग की भावना को और प्रबल कर दिया। कोरोना उपचाराधीन लोगों से भले ही लोग दूरी बनाने लगते हैं लेकिन समाज में कुछ ऐसे भी लोग हैं जो कोरोना उपचाराधीन लोगों का संबल बनते हैं और उन्हें हर संभव तरीके से मदद करते हैं. आज हम ऐसे लोगों को कोरोना वॉरियर्स के नाम से भी जानते हैं। उन्हीं में से एक है रोहतास जिला अंतर्गत रोहतास प्रखंड के रसूलपुर गांव निवासी रविता कुमारी। जिले के तिलौथू प्रखंड स्थित पीएचसी में रविता कुमारी एक एएनएम है जो सितंबर महीने में कोरोना संक्रमित मरीजों के इलाज के दौरान खुद संक्रमित हो गई। इसके बाद उन्होंने खुद के साथ-साथ अपने पूरे परिवार को इस संक्रमण से बचाते हुए खुद को ठीक ही नहीं किया बल्कि ठीक होने के तुरंत बाद पीएचसी में पुनः सेवा देना शुरू कर दिया।

कोरोना संक्रमित मरीज के संपर्क में आने से हुई संक्रमित:

रविता कुमारी बताती है कि सितंबर महीने में पीएचसी में इलाज कराने आये एक व्यक्ति की हालत गंभीर देख उसे जमुहार स्थित नारायण मेडिकल कॉलेज एंड हॉस्पिटल भेज दिया गया जहाँ उसकी मौत हो गई थी। मौत के बाद जांच में वह व्यक्ति कोरोना पॉजिटिव पाया गया। उसके बाद पीएचसी के सभी कर्मचारियों के साथ-साथ उनकी व उनके परिवार वालों की कोरोना जांच करवायी गयी जिसमें सिर्फ वह ही संक्रमित निकली।

खुद को किया क्वॉरेंटाइन:

रविता कुमारी बताती है 16 सितंबर को जैसे ही कोरोना पॉजिटिव होने की पुष्टि हुई मैंने खुद को अपने घर में ही एक कमरे में क्वॉरेंटाइन कर लिया। इस दौरान परिवार के किसी भी व्यक्ति से संपर्क में नहीं आई। सरकार द्वारा जारी गाइडलाइन को पूरी तरह से प्रयोग करते हुए एक कमरे में खुद को रखा। इस दौरान अपने दो छोटे छोटे बच्चों को भी अपने नजदीक नहीं आने दिया। 24 सितंबर को पुनः कोरोना जांच करवायी जिसमें मैं नेगेटिव पाई गई

परिवार और अस्पताल का मिला सहयोग:

रविता कुमारी बताती है कि कोरोना संक्रमित होने के बाद वह डरी नहीं। इसे सिर्फ एक वायरल बीमारी समझकर खुद के साथ-साथ परिवार को भी समझाया। उन्होंने बताया कि क्वॉरेंटाइन होने के बाद घर वालों के साथ-साथ स्थानीय अस्पताल विभाग का भी काफी सहयोग मिलता रहा। घरवालों के साथ-साथ अस्पताल के अन्य कर्मी भी हौसला बढ़ाते रहें जिसकी वजह से आज वह पुनः अपने कार्यों में लग गई हैं।

कोरोना से डरे बिना नियमों का करें पालन करने की करती हैं अपील:

कोरोना संक्रमण से ठीक होने के बाद रविता कुमारी ने लोगों से अपील की है कि कोरोना से डरे नहीं बल्कि सही समय पर उचित परामर्श लेकर खुद को सुरक्षित रखें। साथ ही कहा मास्क का प्रयोग हमेशा बाहर निकलते समय करें और सैनिटाइजर के साथ-साथ सोशल डिस्टेंसिंग का भी पालन जरूर करें। साथ ही साथ सर्दी, खांसी, बुखार होने पर एक बार कोरोना जांच जरूर करवा लें।

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here